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क्या है ‘उद्योग आधार’ नंबर, छोटे कारोबारियों के लिए कैसे है फायदेमंद

सरकार ने कम पूंजी में अपना कारोबार
शुरू करने वालों के लिए रजिस्ट्रेशन कराना आसान
बना दिया है। इसके लिए सरकार ने उद्योग आधार
की शुरुआत की है। दरअसल यह सुविधा छोटे और
मध्यम दर्जे के कारोबारियों को मिलेगी। जिससे
कारोबारियों को रजिस्ट्रेशन कराने से लेकर के
प्रोडक्शन करने तक 11 जरूरी फॉर्म भरने के झंझट से
छुटकारा मिल जाएगी। क्योंकि माइक्रो, स्मॉल
एंड मीडियम इंटरप्राइजेज (एमएसएमई) मंत्रालय छोटे
और मझोले कारोबारियों को यह सुविधा मुफ्त में
मुहैया करा रही है। एमएसएमई मंत्रालय को उम्मीद है
कि ‘उद्योग आधार’ नंबर की शुरुआत ईज ऑफ डुइंग
बिजनेस के लिए एक बेहतर टूल साबित होगा। इसके
जरिए रजिस्ट्रेशन कराने के बाद कारोबारी सरकार
की योजनाओं का बेहतर लाभ उठा पाएंगे।
क्या है ‘उद्योग आधार ’ नंबर
छोटे और मध्यम दर्जे के कारोबारियों को नया
कारोबार शुरू करने के लिए ऑनलाइन अथवा
ऑफलाइन रजिस्ट्रेशन कराने की जो सुविधा दी गई
है उसे ‘उद्योग आधार’ नाम दिया गया है। ताकि,
एमएसएमई के लिए कारोबार करना न केवल आसान
हो, बल्कि वे अपना करोबार को बढ़ाना भी चाहें
तो सरकार की ओर से उन्हें हरसंभव सहायता उपलब्ध
कराई जा सके। इसके तहत करोबारियों को
रजिस्ट्रेशन कराने पर कोई फीस नहीं देना होगा।
माइक्रो, स्मॉल एंड मीडियम इंटरप्राइजेज
(एमएसएमई) मंत्रालय ने इस स्कीम को देशभर में लागू
किया है। उद्योग आधार नंबर 12 डिजिट का होगा।
एमएसएमई मंत्रालय द्वारा शुरू की गई उद्योग आधार
नंबर योजना पंजाब में लागू हो गई है। जिसके तहत
पहला उद्योग आधार नंबर लुधियाना के होजरी
कारोबारी अतुल सिग्गड़ को मिला है।

‘उद्योग आधार ’ का रजिस्ट्रेशन
‘उद्योग आधार’ नंबर के लिए कारोबारियों को मात्र एक पेज का
ऑनलाइन और ऑफलाइन फॉर्म भरना होगा। यही
नहीं कारोबारी मोबाइल पर भी
अपना रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं। कारोबारियों को रजिस्ट्रेशन के लिए
सेल्फ सर्टिफिकेशन ही काफी है। इतना
ही नहीं कारेबारी एक से
अधिक उद्योग के लिए आधार का रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं।
क्योंकि इसके लिए किसी तरह के डॉक्यूमेंट
की जरूरत नहीं है और ना ही
कोई फीस देने की आवश्यकता है।
रजिस्ट्रेशन कराते वक्त कारोबारी को सिर्फ अपना
पर्सनल आधार नंबर और इंडस्ट्री का नाम, पता, बैंक
अकाउंट और अन्य सामान्य जानकारी उपलब्ध
करानी होगी। इसके लिए कारोबारियों को
एमएसएमई मंत्रालय के वेबसाइट www.msme.gov.in पर
उद्योग आधार ऑप्शन में जाकर अपना डाटा एंटर करनी
होगी जिसके बाद ऑनलाइन ही उद्योग
आधार नंबर मिल जाएगा।
‘उद्योग आधार ’ की खासियत
एमएसएमई मंत्रालय द्वारा शुरू की गई उद्योग आधार
नंबर की सबसे बड़ी खासियत यह है कि
इसके रजिस्ट्रेशन के लिए आवेदन ऑनलाइन और ऑपलाइन दोनों
तरीके से कर सकते हैं। आवेदन करने के बाद
करोबारी को ईमेल आईडी पर यूनिक उद्योग
आधार नंबर भेजा जाएगा। इसके लिए आवेदन करते समय सिर्फ
एक पेज का फॉर्म भरना होगा जो कि सेल्फ सर्टिफिकेशन पर
आधारित होगा। जबकि इसके साथ किसी डाक्यूमेंट को
फॉर्म भरते समय अपलोड करने की जरूरत
नहीं होगी। साथ ही जिन
कारोबारी के पास ऑनलाइन सुविधा नहीं है वे
जिला उद्योग केंद्र में जाकर फॉर्म भर सकते हैं। जिसके आधार पर
जिला उद्योग केंद्र द्वारा ऑनलाइन आवेदन किया जाएगा।

छोटे कारोबारियों को होगा फायदा
उद्योग आधार रजिस्ट्रेशन कराने के बाद छोटे और मझोले कारोबारियों
के लिए सरकार जितनी भी
स्कीमें चला रही है उसका लाभ मिलेगा।
खासतौर पर बिना गारंटी का मिलने वाला लोन, आसान शार्तों
एवं कम ब्याज दर पर लोन, सरकारी खरीद
में वरियता और सब्सिडी मिलती है। इसके
अलावा विदेश में होने वाले एक्सप्रो में भाग लेने के लिए मदद
भी सरकार देती है। इस
स्कीम को लागू किए जाने के बाद 91 हजार करोबारियों ने
इसके लिए आवेदन किया है जिसमें अभी तक 800
कारोबारियों को इसका लाभ मिल चुका है।

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